लुक-आउट नोटिस जारी होने के आईपीएस राजजीत बोले ‘फैसला होने तक मैं पंजाब भी नहीं छोडूंगा’

0
98

चंडीगढ़.पहले डीजीपी सिद्धार्थ चट्टोपाध्याय ने डीजीपी सुरेश अरोड़ा और डीजीपी इंटेलिजेंस दिनकर गुप्ता पर आरोप लगाया था कि वो उन्हें चड्ढा सुसाइड मामले में फंसाना चाहते हैं। अब नशा तस्करी में पकड़े गए बर्खास्त इंस्पेक्टर इंद्रजीत सिंह से संबंधों के मामले के जांच का सामना कर रहे मोगा के पूर्व एसएसपी राजजीत सिंह ने आरोप लगाया है कि उन्हें साजिश के तहत फंसाया जा रहा है। मामला पंजाब एंड हरियाणा हाईकोर्ट में विचाराधीन है और इसकी अगली सुनवाई 25 जुलाई को है। मुझे न्यायालय पर पूरा भरोसा है।

ऐसे में ज्यादा कुछ नहीं बोलेंगे, लेकिन उनके खिलाफ वन साइडेड प्रोपेगंडा चलाया जा रहा है। उनकी जो प्राॅपर्टीज दिखाई जा रही हैं, उसके बेचने और खरीदने के सभी सबूत पेश करूंगा और सोमवार को पंजाब पुलिस हेडक्वार्टर जाकर आईजी जतिंदर सिंह औलख को पासपोर्ट जमा करवा दूंगा। विजिलेंस ने लुकआउट नोटिस जारी किया है, इससे हैरान हूं। मैं कहीं नहीं भाग रहा। मैं एक शहीद परिवार से हूं और केस का फैसला होने तक कहीं नहीं जाने वाला।

प्राॅपर्टी मेरे पिता की, किसी भी एजेंसी से करा लो जांच
राजजीत ने कहा कि वो अपने पिता की प्राॅपर्टी बेचकर मोहाली शिफ्ट हुए थे। पंजाब एंड हरियाणा हाईकोर्ट ने एसआईटी बनाकर उनकी प्राॅपर्टी के बारे में पूरी इंक्वायरी करवाई थी। इस एसआईटी में डीजीपी सिद्धार्थ चट्टोपाध्याय, प्रमोद कुमार और कुंवर विजय प्रताप शामिल थे, जिन्होंने उन पर लगे आरोपों की पूरी जांच कर रिपोर्ट 8 मई को हाईकोर्ट में सौंपी थी। वे किसी भी एजेंसी से जांच कराने को तैयार हैं। मामले की अगली सुनवाई 25 जुलाई को है। उन्होंने कहा कि उन्हें हिंदुस्तान के संविधान और कोर्ट की प्रोसीडिंग पर पूरा भरोसा है। कोर्ट का जो आदेश होगा, उनके सिर माथे होगा। जब तक फैसला नहीं हो जाता, वो कहीं नहीं जाएंगे।उनके खिलाफ ऐसी साजिश रची जा रही है। वे पूरी तरह बेकसूर हैं।

See More News : http://www.thenews24.in

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here